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Currently viewing: Parva 7 -
Chapter 7.27
(30 verses)
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Sanskrit Text
तं
वासवमिवायान्तं
भूरिवर्षशरौघिणम्
।
राजंस्तावकसैन्यानां
नोग्रं
कश्चिदवारयत्
॥
Padaccheda (Word Analysis)
तं | वासवम् | इव + आया | भूरि + वर्ष + शर + ओघिन्
राजंस् | तावक + सैन्य | न + उग्र | कश्चिद् | अवारयत्
राजंस् | तावक + सैन्य | न + उग्र | कश्चिद् | अवारयत्