Navigate to Verse
Currently viewing: Parva 7 -
Chapter 7.25
(59 verses)
Powered by Aksharamukha
Search Mahābhārata
❖ ❖ ❖
Sanskrit Text
ततः
क्षणेन
क्षितिपं
क्षतजप्रतिमेक्षणः
।
क्षयं
निनीषुर्निशितैर्भीमो
विव्याध
पत्रिभिः
॥
Padaccheda (Word Analysis)
ततः | क्षणेन | क्षितिपं | क्षतज + प्रतिम + ईक्षण
क्षयं | निनीषुर् | निशितैर् | भीमो | विव्याध | पत्रिभिः
क्षयं | निनीषुर् | निशितैर् | भीमो | विव्याध | पत्रिभिः