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Currently viewing: Parva 3 -
Chapter 3.157
(70 verses)
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Sanskrit Text
तं
प्रेक्ष्य
निहतं
भूमौ
हतशेषा
निशाचराः
।
भीममार्तस्वरं
कृत्वा
जग्मुः
प्राचीं
दिशं
प्रति
॥
Padaccheda (Word Analysis)
तं | प्रेक्ष्य | निहतं | भूमौ | हन् + शेष | निशाचराः
भीमम् | आर्त + स्वर | कृत्वा | जग्मुः | प्राचीं | दिशं | प्रति
भीमम् | आर्त + स्वर | कृत्वा | जग्मुः | प्राचीं | दिशं | प्रति