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Currently viewing: Parva 2 -
Chapter 2.59
(12 verses)
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Sanskrit Text
अयं
धत्ते
वेणुरिवात्मघाती;
फलं
राजा
धृतराष्ट्रस्य
पुत्रः
।
द्यूतं
हि
वैराय
महाभयाय;
पक्वो
न
बुध्यत्ययमन्तकाले
॥
Padaccheda (Word Analysis)
के | तत्र + अन्य | कितवा | दीव्यमाना | विना | राज्ञो | धृतराष्ट्रस्य | पुत्रैः
द्यूतं | हि | वैराय | महत् + भय | पक्वो | न | बुध् + इदम् | अन्त + काल
द्यूतं | हि | वैराय | महत् + भय | पक्वो | न | बुध् + इदम् | अन्त + काल