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Currently viewing: Parva 1 -
Chapter 1.166
(45 verses)
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Sanskrit Text
स
तु
शप्तस्तदा
तेन
शक्तिना
वै
नृपोत्तमः
।
जगाम
शरणं
शक्तिं
प्रसादयितुमर्हयन्
॥
Padaccheda (Word Analysis)
स | तु | शप् + तदा | तेन | शक्तिना | वै | नृप + उत्तम
जगाम | शरणं | शक्तिं | प्रसादयितुम् | अर्हयन्
जगाम | शरणं | शक्तिं | प्रसादयितुम् | अर्हयन्