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Currently viewing: Parva 1 -
Chapter 1.159
(22 verses)
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Sanskrit Text
नक्तं
च
बलमस्माकं
भूय
एवाभिवर्धते
।
यतस्ततो
मां
कौन्तेय
सदारं
मन्युराविशत्
॥
Padaccheda (Word Analysis)
नक्तं | च | बलम् | अस्माकं | भूय | एव + अभिवृध्
यतस् + ततस् | मां | कौन्तेय | स + दार | मन्युर् | आविशत्
यतस् + ततस् | मां | कौन्तेय | स + दार | मन्युर् | आविशत्