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Currently viewing: Parva 6 -
Chapter 6.60
(79 verses)
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Sanskrit Text
ततो
भूरिश्रवा
राजन्सात्यकिं
नवभिः
शरैः
।
अविध्यद्भृशसंक्रुद्धस्तोत्त्रैरिव
महाद्विपम्
॥
Padaccheda (Word Analysis)
ततो | भूरिश्रवा | राजन् | सात्यकिं | नवभिः | शरैः
आजघान | त्रिभिर् | बाण + तोत्त्र | इव | महत् + द्विप
आजघान | त्रिभिर् | बाण + तोत्त्र | इव | महत् + द्विप