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Currently viewing: Parva 6 -
Chapter 6.110
(46 verses)
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Sanskrit Text
अथान्यद्धनुरादाय
समरे
भारसाधनम्
।
मद्रेश्वरो
रणे
जिष्णुं
ताडयामास
रोषितः
॥
Padaccheda (Word Analysis)
सो | ऽन्यत् | कार्मुकम् | आदाय | समरे | भार + साधन
मद्र + ईश्वर | रणे | जिष्णुं | ताडयामास | रोषितः
मद्र + ईश्वर | रणे | जिष्णुं | ताडयामास | रोषितः