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Currently viewing: Parva 3 -
Chapter 3.76
(19 verses)
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Sanskrit Text
सर्वकामैः
सुविहितः
सुखमस्म्युषितस्त्वयि
।
न
तथा
स्वगृहे
राजन्यथा
तव
गृहे
सदा
॥
Padaccheda (Word Analysis)
सर्व + काम | सु + विधा | सुखम् | अस्म्य् | वस् + त्वद्
न | तथा | स्व + गृह | राजन् | यथा | तव | गृहे | सदा
न | तथा | स्व + गृह | राजन् | यथा | तव | गृहे | सदा