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Currently viewing: Parva 3 -
Chapter 3.31
(42 verses)
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Sanskrit Text
आकाश
इव
भूतानि
व्याप्य
सर्वाणि
भारत
।
ईश्वरो
विदधातीह
कल्याणं
यच्च
पापकम्
॥
Padaccheda (Word Analysis)
आकाश | इव | भूतानि | व्याप्य | सर्वाणि | भारत
ईश्वरो | विधा + इह | कल्याणं | यच् | च | पापकम्
ईश्वरो | विधा + इह | कल्याणं | यच् | च | पापकम्