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Currently viewing: Parva 3 -
Chapter 3.28
(37 verses)
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Sanskrit Text
या
त्वाहं
चन्दनादिग्धमपश्यं
सूर्यवर्चसम्
।
सा
त्वा
पङ्कमलादिग्धं
दृष्ट्वा
मुह्यामि
भारत
॥
Padaccheda (Word Analysis)
या | त्वद् + मद् | चन्दन + आदिह् | अपश्यं | सूर्य + वर्चस्
सा | त्वा | पङ्क + मल + आदिह् | दृष्ट्वा | मुह्यामि | भारत
सा | त्वा | पङ्क + मल + आदिह् | दृष्ट्वा | मुह्यामि | भारत