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Currently viewing: Parva 2 -
Chapter 2.65
(17 verses)
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Sanskrit Text
ते
रथान्मेघसंकाशानास्थाय
सह
कृष्णया
।
प्रययुर्हृष्टमनस
इन्द्रप्रस्थं
पुरोत्तमम्
॥
Padaccheda (Word Analysis)
ते | रथ + मेघ + संकाश | आस्थाय | सह | कृष्णया
आजगाम | पुनर् | वीरः | शक्रप्रस्थं | पुर + उत्तम
आजगाम | पुनर् | वीरः | शक्रप्रस्थं | पुर + उत्तम