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Currently viewing: Parva 12 -
Chapter 12.2
(29 verses)
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Sanskrit Text
नेदं
मद्व्याहृतं
कुर्यात्सर्वलोकोऽपि
वै
मृषा
।
गच्छ
वा
तिष्ठ
वा
यद्वा
कार्यं
ते
तत्समाचर
॥
Padaccheda (Word Analysis)
न + इदम् | मद् + व्याहृ | कुर्यात् | सर्व + लोक | ऽपि | वै | मृषा
गच्छ | वा | तिष्ठ | वा | यद् | वा | कार्यं | ते | तत् | समाचर
गच्छ | वा | तिष्ठ | वा | यद् | वा | कार्यं | ते | तत् | समाचर