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Currently viewing: Parva 11 -
Chapter 11.27
(24 verses)
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Sanskrit Text
नान्यः
कुन्तीसुतात्कर्णादगृह्णाद्रथिनां
रथी
।
स
नः
प्रथमजो
भ्राता
सर्वशस्त्रभृतां
वरः
।
असूत
तं
भवत्यग्रे
कथमद्भुतविक्रमम्
॥
English Translation
Was that foremost of all holders of weapons our eldest brother? How did you give birth to that child of wonderful prowess?
Padaccheda (Word Analysis)
न + अन्य | कुन्ती + सुत | कर्णाद् | अगृह्णाद् | रथिनां | रथी
स | नः | प्रथम + ज | भ्राता | सर्व + शस्त्रभृत् | वरः
असूत | तं | भवत्य् | अग्रे | कथम् | अद्भुत + विक्रम
स | नः | प्रथम + ज | भ्राता | सर्व + शस्त्रभृत् | वरः
असूत | तं | भवत्य् | अग्रे | कथम् | अद्भुत + विक्रम