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Currently viewing: Parva 1 -
Chapter 1.60
(69 verses)
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Sanskrit Text
रामस्तेषां
जघन्योऽभूदजघन्यैर्गुणैर्युतः
।
सर्वशस्त्रास्त्रकुशलः
क्षत्रियान्तकरो
वशी
॥
Padaccheda (Word Analysis)
राम + तद् | जघन्यो | ऽभूद् | अजघन्यैर् | गुणैर् | युतः
सर्व + शस्त्र + अस्त्र + कुशल | क्षत्रिय + अन्त + कर | वशी
सर्व + शस्त्र + अस्त्र + कुशल | क्षत्रिय + अन्त + कर | वशी