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Currently viewing: Parva 1 -
Chapter 1.29
(23 verses)
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Sanskrit Text
तत्र
तं
सर्वभूतानि
विस्मितान्यब्रुवंस्तदा
।
सुरूपं
पत्रमालक्ष्य
सुपर्णोऽयं
भवत्विति
॥
Padaccheda (Word Analysis)
तत्र | तं | सर्व + भूत | विस्मि + ब्रू + तदा
सुरूपं | पत्रम् | आलक्ष्य | सुपर्णो | ऽयं | भू + इति
सुरूपं | पत्रम् | आलक्ष्य | सुपर्णो | ऽयं | भू + इति