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Currently viewing: Parva 1 -
Chapter 1.199
(50 verses)
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Sanskrit Text
आदाय
द्रौपदीं
कृष्णां
कुन्तीं
चैव
यशस्विनीम्
।
सविहारं
सुखं
जग्मुर्नगरं
नागसाह्वयम्
॥
Padaccheda (Word Analysis)
आदाय | द्रौपदीं | कृष्णां | कुन्तीं | च + एव | यशस्विनीम्
स + विहार | सुखं | जग्मुर् | नगरं | नागसाह्वयम्
स + विहार | सुखं | जग्मुर् | नगरं | नागसाह्वयम्