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Currently viewing: Parva 1 -
Chapter 1.160
(41 verses)
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Sanskrit Text
स
सोममति
कान्तत्वादादित्यमति
तेजसा
।
बभूव
नृपतिः
श्रीमान्सुहृदां
दुर्हृदामपि
॥
Padaccheda (Word Analysis)
स | सोमम् | अति | कान्त + त्व | आदित्यम् | अति | तेजसा
बभूव | नृपतिः | श्रीमान् | सुहृदां | दुर्हृदाम् | अपि
बभूव | नृपतिः | श्रीमान् | सुहृदां | दुर्हृदाम् | अपि