Navigate to Verse
Currently viewing: Parva 1 -
Chapter 1.157
(16 verses)
Powered by Aksharamukha
Search Mahābhārata
❖ ❖ ❖
Sanskrit Text
प्रतिब्रुवन्तीमेकं
मे
पतिं
देहीति
शंकरम्
।
पुनरेवाब्रवीद्देव
इदं
वचनमुत्तमम्
॥
Padaccheda (Word Analysis)
प्रतिब्रुवन्तीम् | एकं | मे | पतिं | दा + इति | शंकरम्
पुनर् | एव + ब्रू | देव | इदं | वचनम् | उत्तमम्
पुनर् | एव + ब्रू | देव | इदं | वचनम् | उत्तमम्