Navigate to Verse
Currently viewing: Parva 1 -
Chapter 1.129
(18 verses)
Powered by Aksharamukha
Search Mahābhārata
❖ ❖ ❖
Sanskrit Text
प्राणाधिकं
भीमसेनं
कृतविद्यं
धनंजयम्
।
दुर्योधनो
लक्षयित्व
पर्यतप्यत
दुर्मतिः
॥
Padaccheda (Word Analysis)
प्राण + अधिक | भीमसेनं | कृ + विद्या | धनंजयम्
ततो | दुर्योधन + तत्र | पाण्डवान् | आह | दुर्मतिः
ततो | दुर्योधन + तत्र | पाण्डवान् | आह | दुर्मतिः