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Currently viewing: Parva 1 -
Chapter 1.105
(27 verses)
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Sanskrit Text
तं
शरौघमहाज्वालमस्त्रार्चिषमरिंदमम्
।
पाण्डुपावकमासाद्य
व्यदह्यन्त
नराधिपाः
॥
Padaccheda (Word Analysis)
तं | शर + ओघ + महत् + ज्वाला | अरिंदमम्
पाण्डु + पावक | आसाद्य | व्यदह्यन्त | नर + अधिप
पाण्डु + पावक | आसाद्य | व्यदह्यन्त | नर + अधिप